बंगाल में यूपी के IPS अजय पाल शर्मा का एक्शन, TMC उम्मीदवार को चेतावनी; सियासी घमासान तेज
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TMC ने अजय पाल शर्मा की नियुक्ति पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनके खिलाफ पहले भी कई गंभीर आरोप लगे हैं

बंगाल में यूपी के IPS अजय पाल शर्मा का एक्शन, TMC उम्मीदवार को चेतावनी; सियासी घमासान तेज

आईपीएस अधिकारी के नेतृत्व में SSB, FST और QRT की टीम ने इलाके में छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान जब वे जहांगीर खान के घर पहुंचे, तो वहां निर्धारित से अधिक पुलिस बल तैनात मिला।


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पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बीच उत्तर प्रदेश के चर्चित आईपीएस अधिकारी अजय पाल शर्मा एक बार फिर सुर्खियों में हैं। चुनाव आयोग ने उन्हें दक्षिण 24 परगना जिले का पुलिस ऑब्जर्वर नियुक्त किया है, जहां उन्होंने कार्रवाई करते हुए तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार जहांगीर खान को सख्त चेतावनी दी है।

अजय पाल शर्मा ने कथित तौर पर मतदाताओं को डराने-धमकाने की शिकायत मिलने के बाद मौके पर पहुंचकर कहा कि अगर इस तरह की गतिविधियां जारी रहीं तो “कड़ी कार्रवाई होगी” और बाद में पछताना पड़ेगा। उनका यह बयान सामने आए वीडियो में भी सुनाई दे रहा है।

छापेमारी और अतिरिक्त सुरक्षा पर सवाल

आईपीएस अधिकारी के नेतृत्व में SSB, FST और QRT की टीम ने इलाके में छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान जब वे जहांगीर खान के घर पहुंचे, तो वहां निर्धारित से अधिक पुलिस बल तैनात मिला।

जहांगीर को Y कैटेगरी सुरक्षा के तहत 10 जवान मिलने थे, लेकिन मौके पर 14 पुलिसकर्मी तैनात पाए गए। इस पर अजय पाल शर्मा ने स्थानीय एसपी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।जहांगीर खान दक्षिण 24 परगना के फाल्टा सीट से TMC उम्मीदवार हैं और उन्हें अभिषेक बनर्जी का करीबी माना जाता है। उन पर पहले भी राजनीतिक हिंसा से जुड़े आरोप लग चुके हैं।

वीडियो वायरल, सियासी विवाद शुरू

अजय पाल शर्मा का चेतावनी वाला वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक विवाद तेज हो गया है।

समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने उन्हें “बीजेपी का एजेंट” बताते हुए कहा कि समय आने पर ऐसे लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी।

वहीं TMC ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है। पार्टी ने अजय पाल शर्मा को “कुख्यात सिंघम” बताते हुए कहा कि बंगाल में इस तरह की “मनमानी” बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

TMC का आरोप—पहले से विवादों में रहे हैं IPS

TMC ने अजय पाल शर्मा की नियुक्ति पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनके खिलाफ पहले भी कई गंभीर आरोप लगे हैं। 2020 में उन्हें रामपुर से हटाकर उन्नाव भेजा गया था और उनके खिलाफ जांच भी हुई थी। एक महिला द्वारा लगाए गए आरोपों का मामला भी चर्चा में रहा, हालांकि बाद में उन्हें क्लीन चिट मिल गई।

पंजाब के लुधियाना के रहने वाले अजय पाल शर्मा 2011 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। वह पहले डेंटल सर्जन थे और बाद में सिविल सेवा में आए।

उन्हें “एनकाउंटर स्पेशलिस्ट” के रूप में जाना जाता है और उनके नाम 500 से ज्यादा एनकाउंटर दर्ज बताए जाते हैं। जौनपुर में एसपी रहते हुए उन्होंने 22 महीनों में 136 एनकाउंटर किए थे।

चुनाव का दूसरा चरण 29 अप्रैल को

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल को मतदान होना है। इस चरण में कोलकाता समेत 142 सीटों पर वोट डाले जाएंगे। चुनाव आयोग ने संवेदनशीलता को देखते हुए कई नए पुलिस ऑब्जर्वर तैनात किए हैं, जिनमें अजय पाल शर्मा भी शामिल हैं।

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