
भारत-वियतनाम में 13 ऐतिहासिक डील, आतंक पर प्रहार और व्यापार का विस्तार
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में दोनों देशों की साझा विरासत पर विशेष बल दिया। उन्होंने घोषणा की कि भारत, वियतनाम की प्राचीन 'चम्पा सभ्यता' से जुड़े मंदिरों..
भारत और वियतनाम के द्विपक्षीय संबंधों में एक नया अध्याय जुड़ गया है। वियतनाम के राष्ट्रपति तो लाम की भारत यात्रा के दौरान दोनों देशों ने 13 अलग-अलग क्षेत्रों में समझौता ज्ञापनों (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए स्पष्ट किया कि भारत और वियतनाम के रिश्ते न केवल व्यापार और तकनीक बल्कि सांस्कृतिक विरासत के स्तर पर भी नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं।
प्राचीन विरासत का संरक्षण और डिजिटलीकरण
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में दोनों देशों की साझा विरासत पर विशेष बल दिया। उन्होंने घोषणा की कि भारत, वियतनाम की प्राचीन 'चम्पा सभ्यता' से जुड़े 'मी सॉन' और 'न्हान टवर' मंदिरों के पुनरुद्धार की जिम्मेदारी निभा रहा है। इसके साथ ही, चम्पा सभ्यता की अनमोल पांडुलिपियों (Manuscripts) को भी डिजिटलाइज किया जाएगा, ताकि इस ऐतिहासिक धरोहर को आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखा जा सके।
सांस्कृतिक जुड़ाव: वियतनाम की 15% आबादी ने किए बुद्ध के दर्शन
विरासत और विकास के तालमेल पर बात करते हुए पीएम मोदी ने एक महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष जब भारत से पवित्र बुद्ध अवशेष वियतनाम भेजे गए थे, तब वहां की कुल जनसंख्या के लगभग 15 प्रतिशत हिस्से, यानी करीब डेढ़ करोड़ लोगों ने उनके दर्शन किए थे। यह दोनों देशों के बीच गहरे आध्यात्मिक और सांस्कृतिक संबंधों का जीवंत उदाहरण है।
निर्यात और बैंकिंग क्षेत्र में बड़ी छलांग
भारत अब वियतनाम को निर्यात के क्षेत्र में अपनी पकड़ और मजबूत करने जा रहा है। प्रधानमंत्री ने बताया कि...
दवा क्षेत्र: दोनों देशों की ड्रग अथॉरिटी के बीच हुए समझौते से अब भारतीय दवाओं की वियतनाम के बाजार में पहुंच आसान होगी।
कृषि और मत्स्य पालन: भारत के कृषि, डेयरी और एनिमल प्रोडक्ट्स का निर्यात अब अधिक सुगम हो जाएगा।
डिजिटल पेमेंट: वित्तीय सेवाओं को बढ़ावा देने के लिए दोनों देशों के केंद्रीय बैंकों ने आपसी सहयोग का निर्णय लिया है। जल्द ही भारत का UPI और वियतनाम का फास्ट पेमेंट सिस्टम एक-दूसरे से लिंक हो जाएंगे।
आतंकवाद के विरुद्ध साझा मोर्चा और क्षेत्रीय सुरक्षा
प्रधानमंत्री ने वियतनाम को भारत की 'एक्ट ईस्ट पॉलिसी' और 'विजन महासागर' का एक प्रमुख स्तंभ बताया। उन्होंने कहा कि इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में शांति, स्थिरता और समृद्धि सुनिश्चित करने के लिए दोनों देश रक्षा और सुरक्षा सहयोग को और सुदृढ़ करेंगे। पीएम मोदी ने पहलगाम आतंकी हमले की कड़ी निंदा करने और आतंकवाद के खिलाफ भारत के संघर्ष में साथ खड़े रहने के लिए वियतनाम का विशेष आभार व्यक्त किया।
इन 13 महत्वपूर्ण समझौतों पर हुए हस्ताक्षर...
रेयर एलिमेंट्स: IREL (इंडिया) लिमिटेड और वियतनाम के 'इंस्टीट्यूट फॉर टेक्नोलॉजी ऑफ रेडियोएक्टिव एंड रेयर एलिमेंट्स' (ITRRE) के बीच सहयोग।
सांस्कृतिक आदान-प्रदान: वर्ष 2026-30 के लिए दोनों देशों के संस्कृति मंत्रालयों के बीच समझौता।
डिजिटल भुगतान नवाचार: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और वियतनाम के स्टेट बैंक (SBV) के बीच भुगतान प्रणालियों में नवाचार हेतु सहयोग।
चिकित्सा उत्पाद: भारत के CDSCO और वियतनाम के DAV के बीच चिकित्सा उत्पादों के नियमन हेतु समझौता।
नगर निगम सहयोग: मुंबई (BMC) और हो ची मिन्ह सिटी के बीच मित्रता और सहयोग की स्थापना।
भारतीय अध्ययन: ICCR और 'यूनिवर्सिटी ऑफ साइंस एंड एजुकेशन-द दा नांग यूनिवर्सिटी' के बीच 'ICCR चेयर' की स्थापना।
शैक्षणिक सहयोग: नालंदा विश्वविद्यालय और वियतनाम की हो ची मिन्ह नेशनल एकेडमी ऑफ पॉलिटिक्स (HCMA) के बीच समझौता।
डिजिटल टेक्नोलॉजी: भारत के IT मंत्रालय और वियतनाम के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय के बीच सहयोग।
पेमेंट कॉर्पोरेशन: NPCI इंटरनेशनल पेमेंट्स लिमिटेड (NIPL) और वियतनाम के नेशनल पेमेंट कॉर्पोरेशन (NAPAS) के बीच समझौता।
लेखा परीक्षा (Audit): भारत के CAG कार्यालय और वियतनाम के राज्य लेखा परीक्षा कार्यालय के बीच सार्वजनिक क्षेत्र की ऑडिटिंग हेतु MoU।
पर्यटन: दोनों देशों के पर्यटन मंत्रालयों के बीच आपसी सहयोग को बढ़ावा देने पर समझौता।
अकादमिक रिसर्च: ICCR और 'यूनिवर्सिटी ऑफ सोशल साइंसेज एंड ह्यूमैनिटीज' के बीच 'इंडियन स्टडीज चेयर' की स्थापना।
पांडुलिपि डिजिटलीकरण: भारत के 'ज्ञान भारतम' और वियतनाम नेशनल यूनिवर्सिटी के बीच 'चाम पांडुलिपियों' के डिजिटल संरक्षण हेतु समझौता।

