
इंदिरापुरम की गौर ग्रीन एवेन्यू सोसाइटी के लगी भीषण आग, दमकल की 17 गाड़ियां मौके पर
गाजियाबाद के इंदिरापुरम स्थित 'गौर ग्रीन एवेन्यू' सोसाइटी में बुधवार सुबह एक आवासीय फ्लैट में भीषण आग लग गई। दमकल विभाग की 17 से अधिक गाड़ियों और हाइड्रोलिक मशीनों की मदद से आग पर काबू पाने के लिए मौके पर पहुंची।
दिल्ली से सटे गाजियाबाद के पॉश इलाके इंदिरापुरम में बुधवार की सुबह दहशत और अफरा-तफरी लेकर आई। अभय खंड स्थित 'गौर ग्रीन एवेन्यू' सोसाइटी की एक ऊंची इमारत में सुबह-सुबह भीषण आग लग गई। आग इतनी भयावह थी कि उसकी लपटें और काला धुआं काफी दूर से ही आसमान में उठता हुआ देखा गया। देखते ही देखते आग एक फ्लैट से शुरू होकर ऊपर की कई मंजिलों तक फैल गई, जिससे पूरी सोसाइटी में हड़कंप मच गया।
सुबह 8.30 बजे शुरू हुआ तांडव
हादसे की शुरुआत सुबह करीब 8.30 बजे हुई। जानकारी के अनुसार, आग सबसे पहले नौवीं मंजिल पर स्थित एक फ्लैट में लगी थी। सुबह का समय होने के कारण अधिकांश लोग अपने घरों में ही थे। जैसे ही फ्लैट से धुआं और लपटें निकलनी शुरू हुईं, लोग जान बचाने के लिए नीचे की ओर भागने लगे। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं।
रेस्क्यू ऑपरेशन और दमकल की 17 गाड़ियां
आग की गंभीरता को देखते हुए गाजियाबाद फायर विभाग ने एक के बाद एक 17 से अधिक फायर टेंडर्स को मौके पर भेजा। ऊंची इमारत होने के कारण आग बुझाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी, जिसके लिए विशेष हाइड्रोलिक मशीनों का भी सहारा लिया गया। दमकलकर्मियों ने अपनी जान जोखिम में डालकर इमारत में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला।
गाजियाबाद के मुख्य अग्निशमन अधिकारी (CFO) राहुल पाल ने बताया, "इस घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। सभी फंसे हुए लोगों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया था। आग ने मुख्य रूप से नौवीं से ग्यारहवीं मंजिल के बीच स्थित पांच से छह फ्लैटों को प्रभावित किया है। इनमें से कुछ फ्लैट बंद थे, जबकि कुछ में लोग रह रहे थे।"
नुकसान और स्थानीय निवासियों का दावा
अधिकारियों के अनुसार, कम से कम आठ फ्लैटों को इस आग से नुकसान पहुँचा है। हालांकि, सोसाइटी के एक निवासी रोहित ने दावा किया कि आग में करीब 10 से 12 फ्लैट पूरी तरह जलकर खाक हो गए हैं। स्थानीय लोगों का मानना है कि आग बिजली के शॉर्ट सर्किट की वजह से लगी होगी, लेकिन दमकल विभाग ने अभी तक आधिकारिक रूप से आग के कारणों की पुष्टि नहीं की है।
राहत कार्यों में आई बाधा
अग्निशमन अभियान के दौरान दमकलकर्मियों को कुछ परेशानियों का भी सामना करना पड़ा। बताया जा रहा है कि शुरुआत में पानी का दबाव (Water Pressure) कम था। इसके पीछे एक वजह यह भी सामने आई कि पार्क के पास स्थित एक बाउंड्री वॉल की वजह से दमकल की गाड़ियों को इमारत के पास पहुंचने और पानी की सप्लाई सुचारू करने में दिक्कत हो रही थी।
जांच के घेरे में आग के कारण
CFO राहुल पाल ने स्पष्ट किया कि स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है और आग पर काबू पा लिया गया है। फिलहाल 'कूलिंग ऑपरेशन' चलाया जा रहा है ताकि कहीं भी कोई चिंगारी बाकी न रहे। उन्होंने कहा, "आग नौवीं मंजिल से शुरू हुई मानी जा रही है, लेकिन सटीक कारण विस्तृत जांच के बाद ही पता चल पाएगा। कूलिंग ऑपरेशन पूरा होने के बाद टीम पूरी बिल्डिंग का बारीकी से निरीक्षण करेगी।"
इस हादसे ने एक बार फिर ऊंची इमारतों (High-Rise Buildings) में फायर सेफ्टी मानकों और आपातकालीन रास्तों की उपलब्धता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, दमकल विभाग की मुस्तैदी और समय पर की गई कार्रवाई की वजह से एक बड़ा जानी नुकसान होने से टल गया। फिलहाल प्रशासन नुकसान का आकलन कर रहा है और प्रभावित फ्लैट मालिकों की सहायता की जा रही है।

