
प्रतीक यादव के लिए जानलेवा बनी ये बीमारी, साथ में थीं दोनों बेटियां
प्रतीक यादव जिस समय अपने कमरे में बेसुध पाए गए, उस समय पत्नी अपर्णा यादव असम गई हुई थीं। घर में प्रतीक के साथ दोनों बेटियां और घरेलू स्टाफ था।
प्रतीक यादव के असामयिक निधन के बाद पूरा यादव परिवार गहरे सदमे में है। असम से लौटते ही अपर्णा यादव सीधे लखनऊ के कालिदास मार्ग स्थित अपने आवास पहुंचीं। उनके पहुंचने के कुछ ही देर बाद समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव भी वहां पहुंचे। इस दौरान घर के भीतर एक अत्यंत भावुक दृश्य देखने को मिला, जब अखिलेश यादव और अपर्णा यादव के बीच बंद कमरे में काफी देर तक बातचीत हुई। उस समय पूरा परिवार और करीबी लोग बाहर ही मौजूद थे। हालांकि, इस गोपनीय बातचीत का विवरण सामने नहीं आया है। लेकिन पूरा परिवार इस दुख की घड़ी में एकजुट नजर आया। गुरुवार सुबह 11 बजे लखनऊ के बैकुंठ धाम (भैंसाकुंड) में प्रतीक यादव का अंतिम संस्कार संपन्न होगा।
पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे अखिलेश हुए भावुक
इससे पहले, अखिलेश यादव पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे थे, जहां वे मीडिया से बात करते हुए काफी भावुक नजर आए। उन्होंने प्रतीक को याद करते हुए कहा कि वह अपनी फिटनेस को लेकर बेहद जागरूक थे। अखिलेश ने यह भी साझा किया कि व्यापारिक व्यस्तताओं के कारण कई बार मानसिक दबाव की स्थिति पैदा हो जाती है। उन्होंने बताया कि करीब दो महीने पहले उनकी प्रतीक से मुलाकात हुई थी, जिसमें उन्होंने प्रतीक को अपने बिजनेस पर ध्यान देने की सलाह दी थी। अखिलेश ने भारी मन से कहा, "वह बहुत अच्छा लड़का था।" उन्होंने स्पष्ट किया कि परिवार इस समय पूरी तरह एकजुट है और आगे की कानूनी प्रक्रिया पारिवारिक निर्णय के अनुसार ही तय की जाएगी। प्रतीक यादव के दो बेटियां हैं, जिनमें बड़ी बेटी की उम्र करीब 12 वर्ष है। जिस समय घरेलू स्टाफ ने प्रतीक को कमरे में बेसुध अवस्था में देखा, उस समय दोनों बेटियां घर में ही मौजूद थीं। लेकिन पत्नी अपर्णा यादव राजनीतिक कार्यक्रम में भाग लेने असम गई हुईं थीं।
अपर्णा यादव ने साझा की भावुक पोस्ट
पति के निधन के बाद अपर्णा यादव ने खुद सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट के जरिए अंतिम संस्कार की जानकारी साझा की। उन्होंने लिखा कि पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय मुलायम सिंह यादव जी के सुपुत्र और उनके प्रिय प्रतीक यादव जी का अंतिम संस्कार गुरुवार सुबह संपन्न होगा। उन्होंने शुभचिंतकों से गरिमामयी उपस्थिति की अपील भी की। जैसे ही यह पोस्ट सामने आई, सोशल मीडिया पर संवेदनाओं का तांता लग गया। राजनीतिक हस्तियों से लेकर आम जनता तक ने इस अपूरणीय क्षति पर शोक व्यक्त किया है।
अत्यंत दुःख के साथ सूचित किया जाता है कि “पद्म विभूषण” पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय मुलायम सिंह यादव जी के सुपुत्र एवं हम सभी के प्रिय प्रतीक यादव जी का अंतिम संस्कार कल प्रातः 11:00 बजे बैकुंठ धाम (भैंसाकुंड) में संपन्न होगा।
— Aparna Bisht Yadav (@aparnabisht7) May 13, 2026
इस दुःखद घड़ी में आप सभी की गरिमामयी उपस्थिति… pic.twitter.com/VXIuLnUZN3
अस्पताल पहुंचने से पहले मृत्यु, कारण बनी ये बीमारी
प्रतीक यादव के स्वास्थ्य और अंतिम क्षणों को लेकर जो जानकारी सामने आई है, वह अत्यंत दुखद है। बताया जा रहा है कि गुरुवार सुबह करीब पांच बजे घरेलू कर्मचारी ने उन्हें कमरे में बेहोशी की हालत में पाया। आनन-फानन में सिविल अस्पताल से डॉक्टरों को बुलाया गया। लेकिन प्राथमिक जांच में शरीर में कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। जब उन्हें अस्पताल ले जाया गया तो डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के अनुसार, प्रतीक यादव 'पल्मोनरी एंबॉलिज्म' नामक गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे, जिसमें फेफड़ों की धमनियों में खून के थक्के जम जाते हैं। हाल ही में उनके पैर की सर्जरी भी हुई थी, जिसके बाद से उन्हें चलने-फिरने में समस्या हो रही थी।
राजनीतिक दूरियां मिटीं, सांत्वना देने पहुंचे दिग्गज
प्रतीक यादव के निधन की खबर मिलते ही कालिदास मार्ग स्थित आवास पर नेताओं और करीबियों का तांता लग गया। इस दुखद घड़ी में राजनीतिक मतभेद पीछे छूट गए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी आवास पहुंचकर परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। उनसे पहले शिवपाल यादव और डिंपल यादव घर पहुंचे और अपर्णा व उनकी बेटियों को ढांढस बंधाया। भाजपा सांसद साक्षी महाराज और अखिलेश यादव की मुलाकात भी चर्चा का विषय रही, जहां दोनों ने एक-दूसरे को गले लगाकर शोक साझा किया। भाजपा और सपा के कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता लगातार परिवार को सांत्वना देने पहुंच रहे हैं।

