
तुम्हारे दाग अच्छे कैसे? नड्डा ने कुछ यूँ उठाए विपक्ष पर सवाल
नीट और पेपर लीक पर जेपी नड्डा का आक्रामक पलटवार; कहा कि संसद में चर्चा से भाग रहा विपक्ष, 150 मामलों की होगी जांच।
JP Nadda Press Conference: नीट (NEET) पेपर लीक और जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज को लेकर देश में मचे सियासी संग्राम के बीच भारतीय जनता पार्टी (BJP) अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा ने विपक्ष पर करारा हमला बोला है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी की प्रेस कॉन्फ्रेंस के तुरंत बाद मैदान में उतरे जेपी नड्डा ने पलटवार करते हुए सीधे सवाल दागा ‘तुम्हारे दाग अच्छे कैसे?’ यानी जब विपक्ष के अपने शासनकाल और इतिहास में पेपर लीक के अनगिनत मामले दर्ज हैं, तो वे आज किस नैतिकता के आधार पर राजनीति कर रहे हैं?
'150 मामलों की होगी जांच, विपक्ष गोलपोस्ट न बदले
' प्रेस कॉन्फ्रेंस में जेपी नड्डा ने साफ किया कि सरकार छात्रों के भविष्य को लेकर बेहद गंभीर है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने राहुल गांधी द्वारा संसद में उठाए गए 150 पेपर लीक मामलों का जिक्र करते हुए बड़ा ऐलान किया।
नड्डा ने तंज कसते हुए कहा:
"विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने संसद में करीब 150 पेपर लीक मामलों का जिक्र किया है। सरकार इन सभी मामलों की निष्पक्ष जांच कराएगी और सच देश के सामने लाएगी। लेकिन सवाल यह है कि खुद दागदार इतिहास रखने वाला विपक्ष आज दूसरों पर उंगली कैसे उठा सकता है? पेपर लीक एक गंभीर राष्ट्रीय समस्या है, मगर राहुल गांधी इस पर बिल्कुल गंभीर नहीं हैं। वे सिर्फ राजनीतिक रोटियां सेकने की कोशिश में लगे हैं। विपक्ष को बार-बार अपना 'गोलपोस्ट' नहीं बदलना चाहिए।"
'संसद में बहस से क्यों भाग रहा विपक्ष?
' केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बच्चे देश का भविष्य हैं और उनकी चिंता करना सरकार के साथ-साथ विपक्ष का भी फर्ज है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार संसद में इस मुद्दे पर हर नियम के तहत चर्चा कराने को पूरी तरह तैयार है, लेकिन विपक्ष सदन चलाने के बजाय केवल हंगामा कर रहा है।
वांगचुक से मुलाकात और ओपन लेटर का जिक्र जेपी नड्डा ने यह भी जानकारी दी कि वे हाल ही में लद्दाख के सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का हालचाल जानने मेदांता अस्पताल गए थे। उन्होंने वांगचुक से अपना अनशन समाप्त करने की अपील की है और भरोसा दिलाया है कि सरकार उनके द्वारा लिखे गए 'ओपन लेटर' (खुले पत्र) का औपचारिक और सकारात्मक जवाब देगी।
एक तरफ जहां राहुल गांधी पीएम की माफी और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे पर अड़े हैं, वहीं नड्डा ने विपक्ष के अपने पुराने ट्रैक रिकॉर्ड पर सवाल उठाकर पूरे मामले की राजनीतिक दिशा ही मोड़ दी है।

