पेपर लीक पर PM मोदी की गारंटी, फास्ट-ट्रैक कोर्ट में चलेगा केस, दोषियों को मिलेगी तुरंत सजा
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पेपर लीक पर PM मोदी की गारंटी, फास्ट-ट्रैक कोर्ट में चलेगा केस, दोषियों को मिलेगी तुरंत सजा

दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट (NEET) पेपर लीक के खिलाफ सीजेपी (CJP) और छात्रों के प्रदर्शन के बीच पीएम नरेंद्र मोदी ने बड़ा फैसला लिया है। पीएम मोदी ने X पर ऐलान किया कि पेपर लीक के दोषियों को जल्द सजा दिलाने के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट्स बनाई जाएंगी।


दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट (NEET) पेपर लीक को लेकर मचे घमासान के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बड़ा कदम उठाया है। देश के लाखों युवाओं के आक्रोश और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेतृत्व में हो रहे प्रदर्शनों को देखते हुए पीएम मोदी ने बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।

X पर पोस्ट कर PM मोदी ने दी जानकारी

प्रधानमंत्री मोदी ने अपने आधिकारिक X (ट्विटर) हैंडल से पोस्ट शेयर करते हुए फास्ट-ट्रैक कोर्ट (Fast-Track Courts) गठित करने का फैसला सुनाया। उन्होंने लिखा कि देश के युवाओं का हित और उनका भविष्य सरकार की पहली प्राथमिकता है।

पीएम ने बताया कि पेपर लीक के सभी मामलों की त्वरित सुनवाई होगी ताकि दोषियों को कम से कम समय में कठोर दंड दिलाया जा सके। इस संबंध में संबंधित मंत्रालयों और विभागों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं। छात्रों के अधिकारों की रक्षा के लिए इसे सरकार का एक ऐतिहासिक फैसला माना जा रहा है।

जंतर-मंतर पर तनाव और विपक्ष का हमला

प्रधानमंत्री का यह आश्वासन ऐसे समय में आया है जब जंतर-मंतर पर लगातार तीसरे दिन माहौल गरमाया हुआ है। 20 जुलाई को सीजेपी के बैनर तले आयोजित 'संसद चलो' मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी झड़प देखने को मिली थी। भीड़ को बेकाबू होते देख दिल्ली पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया था।

इस घटना के बाद से ही कांग्रेस नेता राहुल गांधी समेत पूरा विपक्ष सरकार पर हमलावर है। विपक्षी दलों और छात्रों की एक ही प्रमुख मांग है—केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का तुरंत इस्तीफा।

मेदांता अस्पताल से सोनम वांगचुक का संदेश

दूसरी ओर, अनशन पर बैठे पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का मामला भी तूल पकड़ रहा है। स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद उन्हें गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अनशन के 25वें दिन अस्पताल से एक वीडियो संदेश जारी करते हुए वांगचुक ने कहा कि उनका वजन करीब 11 किलोग्राम गिर चुका है, लेकिन वे अब भी देश के युवाओं के लिए डटे हुए हैं।

उन्होंने सरकार के सामने एक शर्त रखते हुए कहा कि यदि केंद्र सरकार यह लिखित आश्वासन दे कि प्रदर्शनकारी छात्रों पर कोई बल प्रयोग नहीं होगा और उनके खिलाफ दर्ज एफआईआर (FIR) वापस ली जाएंगी, तो वह अपना आमरण अनशन समाप्त करने को तैयार हैं। फिलहाल, केंद्र सरकार और वांगचुक के बीच बातचीत का दौर जारी है।

दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट (NEET) पेपर लीक के खिलाफ सीजेपी (CJP) और छात्रों के प्रदर्शन के बीच पीएम नरेंद्र मोदी ने बड़ा फैसला लिया है। पीएम मोदी ने X पर ऐलान किया कि पेपर लीक के दोषियों को जल्द सजा दिलाने के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट्स बनाई जाएंगी। दूसरी तरफ, 20 जुलाई के लाठीचार्ज के बाद से ही छात्र शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग पर अड़े हुए हैं। वहीं, मेदांता अस्पताल में भर्ती सोनम वांगचुक ने छात्रों पर दर्ज केस वापस लेने की शर्त पर अनशन तोड़ने का प्रस्ताव रखा है।

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