
वेनेज़ुएला: तबाही के बाद भी जारी हैं भूकंप के झटके, मृतकों की संख्या 1430 हुई
वेनेजुएला में भूकंप से मलबे के ढेर में तब्दील हुए शहर। 1,430 की मौत, 68,900 लापता। सुस्त राहत कार्यों पर जनता का फूटा गुस्सा।
Venezuela Earthquake: वेनेजुएला के ला गुएरा राज्य में शनिवार को उस समय तनाव और हताशा चरम पर पहुंच गई, जब मलबे से लगातार लाशें निकलने के बीच मरने वालों की संख्या बढ़कर 1,430 हो गई। दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला में तीन दिन पहले आए 7.2 और 7.5 तीव्रता के दोहरे विनाशकारी भूकंपों के बाद से अब तक कम से कम 68,900 लोग लापता बताए जा रहे हैं।
समय बीतने के साथ ही मलबे में दबे लोगों के जीवित बचने की उम्मीदें धुंधली पड़ती जा रही हैं, जिससे अपर्याप्त राहत कार्यों को लेकर स्थानीय नागरिक बेहद गुस्से में हैं।
मलबे में जिंदगी की तलाश और 'सेल्फी' पर भड़का गुस्सा
सबसे बुरी तरह प्रभावित तटीय राज्य ला गुएरा में लोग फावड़े, रस्सियों और नंगे हाथों से कंक्रीट के ढेरों को हटाकर अपने परिजनों की तलाश कर रहे हैं। हालांकि, मैक्सिको, अमेरिका, फ्रांस, ब्राजील और अल साल्वाडोर जैसी अंतरराष्ट्रीय बचाव टीमें भी राहत कार्य में जुट चुकी हैं, लेकिन स्थानीय प्रशासन के रवैये से जनता बेहद नाराज है।
प्रशासन की घोर लापरवाही: कैराबालेडा के तटीय शहर में मलबे को हटाने में जुटे लोगों का आरोप है कि मलबे के नीचे नवजात बच्चों समेत कई लोगों की आवाजें आ रही थीं, लेकिन समय पर भारी मशीनरी और सरकारी मदद नहीं पहुंची।
तस्वीरें खिंचवाने का आरोप: स्थानीय नागरिकों ने आरोप लगाया कि सैनिकों, पुलिस और सैन्य कैडेट्स को इस तरह की भीषण त्रासदी से निपटने का कोई अनुभव नहीं है। वे राहत कार्य करने के बजाय ढही हुई इमारतों के सामने सेल्फी लेने और तस्वीरें खिंचवाने में व्यस्त दिखे। गुस्से में आकर लोगों ने एक सरकारी एक्सकेवेटर (जेसीबी मशीन) के ऑपरेटर को केबिन से खींचकर बाहर निकाल दिया और काम रुकवा दिया।
बढ़ती दुर्गंध और भीषण गर्मी: अस्पतालों के पार्किंग लॉट में सफेद ट्रकों से शवों को शिनाख्त के लिए उतारा जा रहा है। भीषण गर्मी के बीच पूरे इलाके में शवों के सड़ने की दुर्गंध फैल चुकी है, जिससे बचाव दल और नागरिक मास्क पहनने को मजबूर हैं।
60 लाख से अधिक लोग प्रभावित, मुख्य हवाई अड्डा क्षतिग्रस्त
अंतरराष्ट्रीय प्रवासन संगठन (IOM) के अनुसार, इस भीषण भूकंप से वेनेजुएला की 60 लाख से अधिक आबादी प्रभावित हो सकती है, जिसमें अकेले राजधानी काराकास के 20 लाख लोग शामिल हैं। शनिवार को भी इलाके में 4.8 तीव्रता का एक और आफ्टरशॉक (भूकंप के बाद का झटका) महसूस किया गया, जिससे बचे हुए ढांचे भी हिल गए।
अंतरराष्ट्रीय मदद की कमान: काराकास को जोड़ने वाला मुख्य 'सिमोन बोलिवर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा' बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुका है। अमेरिकी टीमें इसके एक रनवे को दुरुस्त करने में जुटी हैं ताकि विदेशी सहायता पहुंच सके।
अमेरिकी नौसेना की तैनाती: अमेरिकी विदेश विभाग के वरिष्ठ अधिकारी जेरेमी लेविन ने बताया कि अमेरिकी सेना उड़ानों को कोऑर्डिनेट कर रही है और मोबाइल अस्पताल व राहत सामग्री भेज रही है। घायलों के इलाज के लिए अमेरिकी नौसेना का एक परिवहन जहाज भी वेनेजुएला के तट पर तैनात किया गया है।
कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज के सामने बड़ी चुनौती
यह भीषण प्राकृतिक आपदा कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज के लिए एक बहुत बड़ी राजनीतिक और प्रशासनिक चुनौती बनकर उभरी है। रोड्रिगेज ने इसी साल जनवरी में तत्कालीन राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को अमेरिकी कार्रवाई के तहत हटाए जाने के बाद पद संभाला था। वेनेजुएला पिछले एक दशक से गंभीर आर्थिक बदहाली से जूझ रहा है और देश का एक बड़ा तबका वर्तमान राजनीतिक व्यवस्था को अवैध मानता है। ऐसे में राहत कार्यों में हो रही देरी सरकार के खिलाफ नागरिक विद्रोह को और भड़का सकती है।
Next Story

